किसानों की आय बढ़ाने खेती के साथ पशुपालन को भी बढ़ावा दे रही है मोदी सरकार : कैलाश चौधरी

किसानों की आय बढ़ाने खेती के साथ पशुपालन को भी बढ़ावा दे रही है मोदी सरकार : कैलाश चौधरी



दिल्ली/जयपुर। केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण राज्यमंत्री कैलाश चौधरी ने खेती-किसानी के साथ पशुपालन को भी आदमनी का जरिया बताते हुए कहा कि किसानों की आमदनी तब तक नहीं बढ़ सकती, जब तक खेती और पशुधन एक साथ न हों। अगर आजादी के बाद इस पर काम किया जाता तो किसान और देश की ये हालत न होती। परंतु पिछले साढ़े छह सालों से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार ने कृषि कल्याणकारी योजनाओं के साथ-साथ खेती की सहायक गतिविधियों पशुपालन, मछलीपालन, मधुमक्खी पालन एवं बागवानी को भी बढ़ाने के लिए भी अनेक योजनाएं एवं कार्यक्रम शुरू किए हैं।


 


कृषि राज्यमंत्री कैलाश चौधरी ने कहा कि मोदी सरकार द्वारा शुरू की गई किसान रेल के माध्यम से अब देश के बड़े शहरों तक छोटे किसानों की पहुंच बढ़ेगा। इससे वे ताज़ा सब्जियां उगाने की दिशा में आगे बढ़ेंगे, पशुपालन और मत्स्यपालन की तरफ प्रोत्साहित होंगे। इससे कम जमीन से भी अधिक आय का रास्ता खुल जाएगा, रोजगार और स्वरोजगार के अनेक नए अवसर खुलेंगे। 


ये जितने भी कदम उठाए जा रहे हैं, इनसे 21वीं सदी में देश की ग्रामीण अर्थव्यवस्था की तस्वीर भी बदलेगी, कृषि से आय में भी कई गुणा वृद्धि होगी। हाल में लिए गए हर निर्णय आने वाले समय में गांव के नजदीक ही व्यापक रोजगार तैयार करने वाले हैं। 


 


केंद्रीय मंत्री कैलाश चौधरी ने कहा कि ये हमारे किसान ही हैं, जिन्होंने लॉकडाउन के दौरान देश को खाने-पीने के जरूरी सामान की समस्या नहीं होने दी। देश जब लॉकडाउन में था, तब हमारा किसान खेतों में फसल की कटाई कर रहा था और बुआई के नए रिकॉर्ड बना रहा था। श्री कैलाश चौधरी ने कहा कि सरकार ने भी सुनिश्चित किया कि किसान की उपज की रिकॉर्ड खरीद हो। जिससे पिछली बार की तुलना में करीब 27 हजार करोड़ रुपए ज्यादा किसानों की जेब में पहुंचा है। 


यही कारण है कि इस मुश्किल समय में भी हमारी ग्रामीण अर्थव्यवस्था मजबूत है, गांव में परेशानी कम हुई है। हमारे गांव की ये ताकत देश के विकास की गति को भी तेज करने में अग्रणी भूमिका निभाएगी।


 


पशुपालकों का मददगार बनेगा ई-गोपाला एप : कृषि राज्यमंत्री कैलाश चौधरी ने कहा कि पीएम नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को पशुपालन से संबधी योजनाओं की शुरुआत करते हुए ई-गोपाला एप लॉन्च किया है। यह एक ऐसा डिजिटल माध्यम होगा जिससे पशुपालकों को उन्नत पशुधन को चुनने में आसानी होगी, उनको बिचौलियों से मुक्ति मिलेगी। ये एप पशुपालकों को उत्पादकता से लेकर उसके स्वास्थ्य और आहार से जुड़ी तमाम जानकारियां देगा। श्री कैलाश चौधरी ने कहा कि पशुओं की अच्छी नस्ल के साथ ही उनकी देखरेख और उसको लेकर सही वैज्ञानिक जानकारी भी उतनी ही जरूरी होती है।


Comments

Popular posts from this blog

नाहटा की चौंकाने वाली भविष्यवाणी

नाहटा को कई संस्थाएं करेंगी सम्मानित

टी- 20 वर्ल्ड कप का विजेता भारत बन सकता है- दिलीप नाहटा