घुटना प्रत्यारोपण के बाद मेराथन दौडने का बना विश्व रिकार्ड

 घुटना प्रत्यारोपण के बाद मेराथन दौडने का बना विश्व रिकार्ड


 

 350 से अधिक मरीजों ने एक साथ दर्द रहित दौड़ लगाई 



जयपुर। उम्र चाहे कितनी भी हो जिंदगी जीने की इच्छा होनी चाहिए ,इसको साकार कर दिया कुछ बुजुर्गों ने। गत 5 फरवरी को घुटना प्रत्यारोपण के बाद मेराथन दौडने का विश्व रिकार्ड बना कर । 350 से अधिक मरीजों ने एक साथ दर्द रहित दौड़ लगाई । सभी मरीजों का प्रत्यारोपण डॉ. बी. आर. बगडिया ने  किया था। इसमें 80 वर्ष से अधिक आयु के मरीजों ने भी भाग लिया , 15 साल पूर्व प्रत्यारोपण करवा चुके मरीज भी शामिल हुये । इसके अलावा 100 किलो वजन वालों ने भी दर्द रहित दौड लगाई।


फिटनेस व दर्द रहित जीवन का संदेश दिया 

जयपुर रविवार 5 फ़रवरी 2023 को 50-86 वर्ष के 350 से अधिक सीनियर सिटीजंस जो कि घुटने रिप्लेसमेंट के बाद भी एक साथ 5 किमी की सामूहिक वाक् करके दुनिया फिटनेस के संदेश के साथ विश्व रिकॉर्ड बनाया।  जॉइंट रिप्लेसमेंट एक्सपर्ट डॉ बी आर बगड़िया ने मीडिया को बताया कि 5 फ़रवरी  को  जयपुर मैराथन में हमने एक विशेष पार्ट  के रूप में हिस्सा लिया। जिसमें हमारे पूर्व समय में जोड़ प्रत्यारोपण किये मरीजों ने सामूहिक रुप से भाग लिया। सभी मरीजों ने 5 किलोमीटर तक वाक की। लोगो ने 70 और 80 की उम्र में जॉइंट रिप्लेसमेंट के बाद भी बेहतरीन वॉक  करके समाज को  संदेश देने का प्रयास किया। जिसमें घुटने रिप्लेसमेंट के बाद भी ज़िंदगी आसान ,उम्र चाहे कितनी भी हो ज़िंदगी में जीने की इच्छा होनी चाहिए और बीमारी हों तो भी उसे हरा के ज़िंदगी को आगे बढ़ाते रहो।


डॉ. बगडिया ने बताया कि अभी तक एक गिनीज़ बुक वर्ल्ड रिकॉर्ड है जो 8 अप्रैल 2018 मे  डॉ अनिल अरोड़ा दिल्ली  का है जहां एक ही डॉक्टर द्वारा जॉइंट रिप्लेसमेंट करवाने के बाद 200 लोगों ने एक साथ एकत्रित होकर एक जागरूकता अभियान में भाग लिया था । जो सिर्फ़ घुटने रिप्लेसमेंट के नहीं  बल्कि घुटने एवं कूल्हे दोनों  तरह की जोड़ रिप्लेसमेंट सर्जरी वाले  लोग थे । हमारे यहाँ सिर्फ़ घुटने रिप्लेसमेंट के ही लोग थे एक साथ 350 से अधिक लोग जिन्होंने नी रिप्लेसमेंट सर्जरी करवा रखी हो और एक साथ , एक प्लेटफार्म पर, वॉक में 5 किमी की दूरी  निश्चित समय के साथ पूरी कर एक कीर्तिमान स्थापित किया है। जो की गोल्डन बुक ऑफ रिकार्डस में दर्ज हुआ । इस दौरान गोल्डन बुक ऑफ रिकार्डस की टीम मौजूद रही। 


इस रिकार्ड का प्रमाण पत्र फिल्म अभिनेता सोनू सूद व रणविजय सिंघा के द्वारा गोल्डन बुक ऑफ रिकार्डस की टीम की उपस्थिति में प्रदान किया गया। इस अवसर पर मणिपाल हॉस्पिटल जयपुर के डायरेक्टर  रंजन ठाकुर ने कहा कि हम इस डेटा को अन्य रिकॉर्ड्स के लिए भी भेजेगें। साथ ही रंजन ठाकुर ने सभी प्रतिभागियों व डॉ. बगडिया व उनकी टीम को बधाई दी। इस अवसर पर कई मरीजों ने अपने अनुभव साझा किये साथ ही 86 वर्ष की झुन्झुनू निवासी श्रीमती जयती देवी ने भी अपने अनुभव साझा किये।

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